देहरादून
उत्तराखण्ड पावर कॉर्पोरेशन लिमिटेड (यूपीसीएल) के प्रबंध निदेशक श्री पी.सी. ध्यानी की अध्यक्षता में आज दिनांक 13 जुलाई, 2026 को मुख्यमंत्री हेल्पलाइन पोर्टल पर दर्ज उपभोक्ता शिकायतों के प्रभावी, गुणवत्तापूर्ण एवं समयबद्ध निस्तारण के संबंध में एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में निगम के समस्त वरिष्ठ अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए गए कि शिकायतों के निस्तारण की प्रक्रिया को अधिक पारदर्शी, उत्तरदायी एवं उपभोक्ता-केंद्रित बनाया जाए, जिससे प्रत्येक शिकायत का संतोषजनक एवं स्थायी समाधान सुनिश्चित हो सके।
बैठक के दौरान प्रबंध निदेशक श्री पी.सी. ध्यानी ने कहा कि मुख्यमंत्री हेल्पलाइन आम नागरिकों की समस्याओं के समाधान का एक अत्यंत महत्वपूर्ण माध्यम है। अतः प्रत्येक शिकायत का निस्तारण केवल औपचारिकता के रूप में न किया जाए, बल्कि उसका वास्तविक, गुणवत्तापूर्ण एवं स्थायी समाधान सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि शिकायतों का निस्तारण इस प्रकार किया जाए कि शिकायतकर्ता पूर्णतः संतुष्ट हो तथा उसे पुनः शिकायत दर्ज कराने की आवश्यकता न पड़े।
प्रबंध निदेशक ने सभी क्षेत्रीय एवं फील्ड अधिकारियों को निर्देशित किया कि मुख्यमंत्री हेल्पलाइन पोर्टल पर प्राप्त शिकायतों की नियमित समीक्षा की जाए तथा निर्धारित समय-सीमा के भीतर उनका गुणवत्तापूर्ण निस्तारण सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने कहा कि वरिष्ठ अधिकारी स्वयं शिकायतों की सतत मॉनिटरिंग करें तथा लंबित प्रकरणों की नियमित समीक्षा करते हुए उनका शीघ्र निस्तारण सुनिश्चित करें। उन्होंने स्पष्ट किया कि शिकायतों के निस्तारण में किसी भी स्तर पर लापरवाही अथवा अनावश्यक विलंब स्वीकार नहीं किया जाएगा तथा संबंधित अधिकारियों की जवाबदेही निर्धारित की जाएगी।
बैठक में मुख्यमंत्री हेल्पलाइन पोर्टल के प्रभावी संचालन को लेकर निम्नलिखित महत्वपूर्ण निर्देश जारी किए गए—
* शिकायतों के समयबद्ध, गुणवत्तापूर्ण एवं संतोषजनक निस्तारण को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाए।
* शिकायतों को केवल पोर्टल पर बंद करने के बजाय उनका वास्तविक एवं स्थायी समाधान सुनिश्चित किया जाए।
* सभी वरिष्ठ अधिकारी नियमित रूप से शिकायतों की समीक्षा एवं मॉनिटरिंग करें।
* शिकायतों के निस्तारण में संबंधित अधिकारियों की व्यक्तिगत जवाबदेही सुनिश्चित की जाए।
* निर्धारित समय-सीमा (Timeline) का पूर्ण पालन किया जाए तथा अनावश्यक विलंब से बचा जाए।
* लंबित शिकायतों की सतत समीक्षा कर उनका शीघ्र निस्तारण सुनिश्चित किया जाए।
* सभी क्षेत्रीय कार्यालयों, विद्युत वितरण मंडलों एवं फील्ड इकाइयों के मध्य बेहतर समन्वय स्थापित कर शिकायतों के समाधान की प्रक्रिया को और अधिक प्रभावी बनाया जाए।
* शिकायतों के निस्तारण की गुणवत्ता में सुधार लाने हेतु आवश्यकतानुसार उपभोक्ताओं से संवाद स्थापित कर फीडबैक प्राप्त किया जाए, जिससे समाधान की संतुष्टि सुनिश्चित हो सके।
* शिकायतों के निस्तारण से संबंधित अधिकारियों द्वारा सीएम हेल्पलाइन पोर्टल का नियमित अवलोकन करते हुए प्राप्त शिकायतों पर तत्काल आवश्यक कार्यवाही की जाए।
* प्रत्येक स्तर पर पारदर्शिता, उत्तरदायित्व एवं संवेदनशीलता के साथ कार्य करते हुए उपभोक्ताओं को बेहतर सेवाएँ उपलब्ध कराई जाएँ।
प्रबंध निदेशक श्री पी.सी. ध्यानी ने कहा कि यूपीसीएल उपभोक्ताओं को गुणवत्तापूर्ण विद्युत सेवाएँ उपलब्ध कराने के साथ-साथ उनकी शिकायतों के त्वरित, प्रभावी एवं संतोषजनक समाधान हेतु पूर्णतः प्रतिबद्ध है। उन्होंने अधिकारियों से अपेक्षा की कि जनहित से जुड़े प्रत्येक प्रकरण का सर्वोच्च प्राथमिकता के आधार पर निस्तारण सुनिश्चित करते हुए कार्य संस्कृति में जवाबदेही, पारदर्शिता एवं सेवा भावना को और अधिक सुदृढ़ बनाया जाए।
उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि बैठक में दिए गए निर्देशों के प्रभावी क्रियान्वयन से मुख्यमंत्री हेल्पलाइन पोर्टल के माध्यम से प्राप्त शिकायतों के निस्तारण की गुणवत्ता में उल्लेखनीय सुधार होगा, उपभोक्ताओं का निगम के प्रति विश्वास और अधिक सुदृढ़ होगा तथा यूपीसीएल की जन शिकायत निवारण व्यवस्था अधिक प्रभावी, पारदर्शी एवं उत्तरदायी बनेगी।
