देहरादून
उत्तरांचल पॉवर इंजीनियर्स एसोसिएशन की कार्यकारिणी व वरिष्ठ सदस्यों की अहम बैठक हुई जिसमे यूपीसीएल के निदेशक परिचालन के बारे में एसोसिएशन के संज्ञान में आए सेवा विस्तार पर गहन चर्चा हुई।
सभी सदस्यों ने मुख्य अभियंता के मूल पद पर प्रभारी निदेशक (परिचालन) का कार्यभार संभाल रहे उच्चाधिकारी के मुख्य अभियंता के मूल cadre पद पर संज्ञान में आए संभावित सेवा विस्तार का एक स्वर में विरोध किया गया।
सभी सदस्यों द्वारा यह कहा गया कि मुख्य अभियंता के cadre पोस्ट पर सेवा विस्तार होने के कारण पात्रता प्राप्त मुख्य अभियंता, अधीक्षण अभियंता व अधिशासी अभियंता के पद पर पदोन्नति प्रभावित होती है, जिससे वर्षों से कारपोरेशन में सेवा दे रहे पात्रता प्राप्त अभियंताओं का मनोबल धराशायी होता है, इसीलिए इस प्रकार के सेवा विस्तार का पुरजोर विरोध करते हैं।
एसोसिएशन के मध्य यह भी चर्चा हुई कि इस प्रकार के सेवा विस्तार न मात्र नियमावली का उलंघन है, अपितु वर्षों से कॉर्पोरेशन में सेवा दे रहे वरिष्ठ अभियंताओं के साथ भैद भाव है, व वर्षों से कारपोरेशन के क्रियाकलापों में अनुभव अभियंताओं के अधिकारों का भी हनन है।
एसोसिएशन की कार्यकारिणी द्वारा निर्णय लिया गया कि इस प्रकार का निर्णय लिया जाता है तो एसोसिएशन के सदस्य सामूहिक इस्तीफे पर जाने पर विवश होंगे।
आज की बैठक में एसोसिएशन के अध्यक्ष युद्धवीर सिंह तोमर, महासचिव राहुल चानना, पूर्व अध्यक्ष कार्तिकेय दूबे, पूर्व महासचिव मुकेश कुमार, अधीक्षण अभियंता अमित शर्मा, राहुल जैन, अनिल वर्मा, अमित कटारिया, नवीन मिश्रा, मनदीप राणा, वीरेंद्र पंवार, प्रवेश कुमार, भास्कर पांडे, अश्वनी सिंह, अमित तोमर, व अन्य मौजूद थे।

